Sahibganj: शेरशाहबादी समाज को अब तक जाति प्रमाण पत्र नहीं दिए जाने के विरोध में रविवार को श्रीकुंड हाई स्कूल मैदान में ऑल झारखंड शेरशाहबादी सोसायटी (एजेएसएस) की एक अहम बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में समाज की उपेक्षा के खिलाफ आगे की रणनीति पर चर्चा करते हुए, संगठन को और मजबूत करने के लिए कई अहम फैसले लिए गए।
बैठक की प्रमुख उपलब्धि रही, सोसायटी की वर्तमान कमेटी को भंग कर 17 सदस्यीय अंतरिम कमेटी का गठन। इस अंतरिम कमेटी में फारोग अहसान, शाहीन अख्तर, तोफाइल शेख, मसूद आलम, शकील अहमद, किफायतुल्लाह, सलमान ताहिर, नदीम अंजुम, मो. अजमाइल, तौफीक उमर, मो. असदक, मोस्तफिजुर रहमान, वासिम अकरम, परवेज आलम, इंतेखाब आलम, अब्दुल तौवाब को शामिल किया गया है। यह कमेटी पंचायत स्तर पर नई इकाइयों के गठन की जिम्मेदारी निभाएगी और शीघ्र ही प्रखंड एवं जिला स्तरीय संगठन का भी पुनर्गठन किया जाएगा।
बैठक में शेरशाहबादी समाज के लिए जल्द से जल्द जाति प्रमाण पत्र निर्गत करने की मांग को आंदोलनात्मक तरीके से उठाया जाएगा, आगामी महीनों में एक भव्य शेरशाहबादी सम्मेलन आयोजित किया जाएगा, जिससे समाज को एकजुट कर आंदोलन को और धार दी जा सके, पंचायत से लेकर जिला तक सांगठनिक विस्तार के माध्यम से जनजागरण अभियान चलाया जाएगा जैसे प्रमुख निर्णय लिए गए।
वरिष्ठ सदस्य रियाज रजा ने चेताते हुए कहा कि
“12 वर्षों से हमारे समाज को जातिगत पहचान से वंचित रखा गया है। अब हम चुप नहीं बैठेंगे। अगर जरूरत पड़ी, तो सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन किया जाएगा। हमारी लड़ाई अब निर्णायक दौर में है।”
बैठक में बड़ी संख्या में समाज के प्रबुद्ध सदस्य, युवा, और पंचायत प्रतिनिधि शामिल हुए। सबने एक स्वर में समाज को उसका संवैधानिक अधिकार दिलाने की मुहिम को तेज़ करने का संकल्प लिया।
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