Barhet (Sahibganj): सिद्धू-कान्हू हूल फाउंडेशन के बैनर तले 22 दिसंबर को भोगनाडीह में आयोजित होने वाला संथाल परगना स्थापना दिवस का सांस्कृतिक कार्यक्रम जिला प्रशासन की गाइडलाइन से नाराज़ होकर स्थगित कर दिया गया है। यह जानकारी वंशज सह भाजपा नेता मंडल मुर्मू ने रविवार को आयोजित प्रेसवार्ता में दी।
मंडल मुर्मू ने बताया कि कार्यक्रम के आयोजन को लेकर 8 दिसंबर को अनुमंडल पदाधिकारी, साहिबगंज को अनुमति के लिए आवेदन दिया गया था और हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी भोगनाडीह स्टेडियम में सांस्कृतिक कार्यक्रम की तैयारियां शुरू कर दी गई थीं। गांव-गांव में प्रचार-प्रसार भी किया जा रहा था। लेकिन 20 दिसंबर की रात जिला प्रशासन द्वारा व्हाट्सएप के माध्यम से गाइडलाइन भेजी गई, जिसमें कार्यक्रम के दौरान जुआ और शराब की दुकान न लगाने, आवागमन में किसी प्रकार की परेशानी न होने देने तथा कार्यक्रम संचालन से जुड़े संस्था के 30 लोगों का आधार कार्ड स्थानीय थाना में जमा करने जैसी शर्तें शामिल थीं।
उन्होंने आरोप लगाया कि प्रखंड क्षेत्र में अन्य आयोजनों के दौरान खुलेआम जुआ और शराब की दुकानें लगती रही हैं, जिन पर प्रशासन की ओर से कोई सख्ती नहीं होती, जबकि सरकार स्वयं शराब दुकानों की अनुमति देती है। ऐसे में केवल इस कार्यक्रम के लिए सख्त गाइडलाइन लागू करना साजिश का संकेत है, जिससे संस्था के सदस्यों पर कार्रवाई की आशंका भी बनी हुई है। इन परिस्थितियों को देखते हुए संस्था ने संथाल परगना स्थापना दिवस पर होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रम को स्थगित करने का निर्णय लिया है।
मंडल मुर्मू ने कहा कि कार्यक्रम की विधि-व्यवस्था संभालना प्रशासन की जिम्मेदारी होती है, लेकिन गाइडलाइन के नाम पर अमर शहीदों और आदिवासी समाज की भावनाओं का अपमान किया जा रहा है। उन्होंने इसे जल, जंगल और जमीन के लिए बलिदान देने वाले शहीदों के सम्मान के खिलाफ बताया।
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