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नींबू पहाड़ के साथ जिला खनन कार्यालय तक पहुँच सकती है जांच की आंच
Sahibganj: झारखंड के साहिबगंज जिले में अवैध खनन की जांच ने अब निर्णायक मोड़ ले लिया है। सीबीआई की एक विशेष टीम मंगलवार को रांची से साहिबगंज पहुंची, जिसने जिले में डेरा डालकर गहन जांच शुरू कर दी है। छह अधिकारियों की इस टीम के अगले तीन से चार दिनों तक साहिबगंज में रहकर अवैध खनन से जुड़े मामलों की परत-दर-परत पड़ताल करने की संभावना है।
सूत्रों के मुताबिक, सीबीआई टीम ने साहिबगंज पहुंचते ही दो क्रशर साइटों का निरीक्षण किया और मौके पर मौजूद मशीनों, भंडारित पत्थरों व कार्यप्रणाली का बारीकी से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान अवैध रूप से निकाले गए खनिजों की मात्रा और उनके बाजार मूल्य के आकलन की प्रक्रिया भी शुरू की गई है।
जिला खनन कार्यालय व नींबू पहाड़ पर विशेष नजर
विश्वसनीय सूत्रों की मानें तो बुधवार को सीबीआई टीम जिला खनन कार्यालय पहुंचकर खनन से संबंधित फाइलों, लीज, परमिट, उत्पादन रिपोर्ट और परिवहन से जुड़े दस्तावेजों की जांच कर सकती है। इसके साथ ही लंबे समय से सुर्खियों में रहे नींबू पहाड़ क्षेत्र का भी स्थल निरीक्षण संभावित बताया जा रहा है। नींबू पहाड़ को लेकर पहले ही अवैध खनन के गंभीर आरोप सामने आ चुके हैं, जहां बड़े पैमाने पर पत्थरों के अवैध उत्खनन और उनके कारोबार की बात जांच एजेंसियों के रडार पर है। ऐसे में सीबीआई का यह दौरा बेहद अहम माना जा रहा है।
अवैध खनन नेटवर्क की तलाश
बताया जा रहा है कि सीबीआई की टीम केवल खनन स्थलों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि अवैध खनन के पूरे नेटवर्क खनन, क्रशर, परिवहन और बिक्री की कड़ी को जोड़कर जांच करेगी। इस दौरान संबंधित लोगों से पूछताछ और आवश्यक होने पर दस्तावेजों को जब्त किए जाने की भी संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा।
सीबीआई टीम की साहिबगंज में मौजूदगी से प्रशासनिक महकमे में हलचल तेज हो गई है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में यह जांच जिले में वर्षों से चल रहे अवैध खनन के बड़े खेल को उजागर कर सकती है।
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