देश के सबसे बड़े प्रॉब्लम-सॉल्विंग प्लेटफॉर्म, HCL Jigsaw के छठे एडिशन के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू

Registration begins for the sixth edition of HCL Jigsaw, the country's largest problem-solving platform
  • HCL Jigsaw से अब तक 2 लाख से अधिक छात्र जुड़ चुके हैं
  • फाइनलिस्ट्स को मिलेगा कुल 12 लाख रुपए की पुरस्कार राशि सहित एचसीएल इनोवेशन लैब में लर्निंग का सुनहरा अवसर
  • HCL Jigsaw प्लेटफॉर्म स्कूल के छात्रों को मिलता है डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए रियल-टाइम में एक-दूसरे से जुड़ने और सहयोग करने का मौका

Delhi, 22 April, 2025: एचसीएल (HCL) ने देश के सबसे बड़े प्रॉब्लम-सॉल्विंग प्लेटफॉर्म, एचसीएल जिगसॉ का छठा एडिशन पेश किया है। यह प्लेटफॉर्म खासतौर पर स्कूल के छात्रों के लिए तैयार किया गया है, ताकि उनमें नवाचार, विश्लेषण और तार्किक सोच को बढ़ावा दिया जा सके। एचसीएल जिगसॉ का उदेश्य छात्रों को वास्तविक दुनिया की समस्याओं को समझने और सुलझाने में सक्षम बनाना है। इसमें कक्षा 6 से 9 तक के छात्रों का मूल्यांकन 21वीं सदी की महत्वपूर्ण स्किल्स के आधार पर किया जाता है, जिनमें रिसर्च, क्रिटिकल थिंकिंग और कम्युनिकेशन शामिल है। प्रतियोगिता में भाग लेने के इच्छुक छात्र या स्कूल www.hcljigsaw.com पर जाकर 31 जुलाई तक रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं।

  • ध्यान देने योग्य महत्वपूर्ण तिथियाँ:

राउंड

तिथि
ओलंपियाड (राउंड 1)

(इंट्रा-स्कूल स्तर)

मई-अगस्त (हर महीने की 1 से 7 तारीख तक)

प्रोजेक्ट-आधारित चुनौती (राउंड 2)

(इंटर-स्कूल स्तर)

22 अगस्त, 2025 – 25 अगस्त, 2025

ग्रैंड फिनाले (राउंड 3)

(इंटर-स्कूल)

7 सितंबर, 2025

कुल 12 लाख रुपए से अधिक की पुरस्कार राशि फाइनलिस्ट्स को दी जाएगी, जिसमें एचसीएल के इनोवेशन लैब्स में लर्निंग अवसर भी शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, एचसीएल जिगसॉ सभी स्कूल के छात्रों को बिना किसी शुल्क के भाग लेने का मौका देता है। छठे एडिशन में, प्रोजेक्ट-आधारित चुनौती का उद्देश्य ‘कोलैब, क्रिएट और कॉन्कर’ रहेगा, जो इस साल के मिशन के तौर पर पेश किया गया है।

सम्पूर्ण भारत के लिए संचालित की जा रही यह पहल भारत के शीर्ष युवा प्रॉब्लम सॉल्वर्स के विकास को बढ़ावा देने पर आधारित है, जो उनके क्रिटिकल थिंकिंग कौशल को एक सख्त मूल्यांकन प्रक्रिया के माध्यम से मजबूत करती है और इसके लिए उन्हें पुरस्कृत भी करती है। यह पहल भारत की नई शिक्षा नीति (एनईपी) के अनुरूप है, जो कॉग्निटिव लर्निंग (संज्ञानात्मक शिक्षा) और भविष्य के लिए तैयार स्किल्स को बढ़ावा देती है।

इस पहल पर विचार करते हुए, रजत चंदोलिया, एसोसिएट वाइस प्रेसिडेंट और हेड- ब्रांड, एचसीएल ग्रुप, ने कहा, “एचसीएल में, हमारा उद्देश्य युवाओं की क्षमता को बढ़ावा देना है, ताकि वे गतिशील दुनिया के साथ-साथ आगे बढ़ सकें। एचसीएल जिगसॉ कोई क्विज़ या ओलंपियाड नहीं है, बल्कि यह एक लॉन्चपैड है, जो युवा विचारकों, सहयोगियों और रचनाकारों को समर्पित है। अब तक हमें मिली भागीदारी शानदार रही है। ऐसे में, अब हम इस एडिशन से और भी अधिक स्कूलों को प्रेरित करने के लिए उत्साहित हैं, ताकि वे अपने छात्रों की क्षमता को उजागर कर सकें, जहाँ कक्षाएँ वास्तविक दुनिया से मिलती हैं।” 

एचसीएल जिगसॉ छात्रों का मूल्यांकन तीन मुख्य गुणों के तहत महत्वपूर्ण पैरामीटर्स पर करता है, जिन्हें प्रॉब्लम-सॉल्विंग की प्रक्रिया के प्रमुख घटकों के रूप में परिभाषित किया जा सकता है। ये गुण इस प्रकार हैं:

रिसर्च स्किल्स: यह देखा जाएगा कि बच्चा किसी समस्या को कितनी आसानी से समझ पाता है, उस पर काम करने की क्या योजना बनाता है और जरूरी जानकारी को किस तरह इकट्ठा और सहेज कर रखता है।

क्रिटिकल थिंकिंग: इसमें देखा जाएगा कि बच्चा किसी जानकारी को कितनी अच्छी तरह समझता है, अलग-अलग बातों को जोड़कर क्या नतीजा निकालता है, चीज़ों को बेहतर तरीके से सोच पाता है या नहीं, और किसी बात के पीछे क्या तर्क है, उसे समझ पाता है या नहीं।

कम्युनिकेशन प्रोसेस: यह देखा जाएगा कि बच्चा अपनी बात कितनी साफ और सही तरीके से रख पाता है, और वह जिस जानकारी को इस्तेमाल कर रहा है, उसे कितना अच्छे से समझता है और उसका मतलब जानता है।

प्रतियोगिता की संरचना:

  • पहला राउंड: इन्ट्रा-स्कूल राउंड:

इस राउंड में छात्र ऑनलाइन टेस्ट में भाग लेंगे। यह राउंड एमसीक्यू पर आधारित होगा, जिसमें उनकी रीज़निंग, प्रॉब्लम-सॉल्विंग और कॉम्प्रिहेन्शन स्किल्स का मूल्यांकन किया जाएगा।

  • दूसरा राउंड: इंटर-स्कूल राउंड

पहले राउंड में चयनित छात्र अपने स्कूल का प्रतिनिधित्व करते हुए इंटर-स्कूल मुकाबले में हिस्सा लेंगे। यह राउंड टीम-आधारित होगा, जहाँ 3 से 4 छात्रों की टीम बनाकर उन्हें रियल-वर्ल्ड प्रॉब्लम्स को मिलकर हल करना होगा। इस राउंड में सहयोग और विचारों के प्रयोग की अहम् भूमिका होगी। शीर्ष 20 टीमें प्री-जूरी राउंड में प्रवेश करेंगी।

  • प्री-जूरी राउंड (आंतरिक मूल्यांकन)

एचसीएल जिगसॉ की सब-जूरी टीम द्वारा प्रस्तुतियों का मूल्यांकन किया जाएगा। इसमें क्रिएटिविटी, लॉजिकल थिंकिंग और टीमवर्क के आधार पर टॉप 5 टीमों को ग्रैंड फिनाले के लिए चुना जाएगा।

  • तीसरा राउंड: ग्रैंड फिनाले

हर कक्षा की शीर्ष टीमें ग्रैंड फिनाले का हिस्सा बनेंगी, जहाँ वे अपने प्रोजेक्ट्स और समाधान को शिक्षा, सरकार और उद्योग जगत के विशेषज्ञों के सामने प्रस्तुत करेंगी।

पिछले पाँच एडिशंस में देशभर के 28 राज्यों और 8 केंद्र शासित प्रदेशों के 6000 से अधिक स्कूलों से 2 लाख से अधिक छात्रों ने एचसीएल जिगसॉ में रजिस्ट्रेशन किया। विजेताओं को एचसीएल के इनोवेशन लैब्स में सीखने का अवसर मिलेगा, जहाँ वे अत्याधुनिक तकनीकों और वास्तविक चुनौतियों से रूबरू होंगे, ताकि वे भविष्य के प्रॉब्लम सॉल्विंग लीडर्स के रूप में खुद को तैयार कर सकें।

ये भी पढ़ें: Sahibganj: पीएम आवास व अन्य लंबित कार्यों में तेजी लाने का उपायुक्त ने दिया निर्देश

WASIM AKRAM
Author: WASIM AKRAM

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisements
Rajesh Jaiswal - Ad created on August 15, 2025

Recent Post

Live Cricket Update

You May Like This

error: Content is protected !!